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पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता

 

पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता

पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता  No words can explain dads and daughter love भावुक पिता बेटी हिंदी में उद्धरण  बेटी और पिता का प्यार  बिटिया के लिए दो शब्द  बाप बेटी के रिश्ते   papa aur beti ke pyaar ko shabdo me byaan nahi kiya jaa sakta



पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता

वैसे तो इस जहान में कई बहुत खूबसूरत रिश्ते होते हैं लेकिन  पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता । जैसे लगता है कि ऊपर वाले ने विशेष रूप से इस रिश्ते को बनाया है सारे रिश्ते एक तरफ और बाप बेटी के रिश्ते एक तरफ ।

एक पिता के बारे में हमेशा उसके कड़े अनुशासन और कठोर बर्ताव के लिए जाना जाता है एक वह पिता जो हमेशा कठोर दिल का होने का दावा करता है और अपने बच्चों के प्रति कड़े अनुशासन को संगठित रखता है ।

 क्योंकि वह डरता है कि कहीं उसके फूल जैसे बच्चे इस समाज में बिगड़ ना जाए, समाज का कोई गलत प्रभाव उन पर पड़ ना जाए ।

 शायद इसलिए पिता अपना कड़ा रूप अपने बच्चों के प्रति रखता है ।

लेकिन यहां पर समझने जैसी एक बात है कि क्या पिता अंदर से भी ऐसा ही होता है ?  इसका जवाब तो आप सबको मालूम है ।

 लेकिन अगर आप एक पिता के मूड को समझना चाहते हैं तो उस बेटी से पूछिए जो अपने पिता के सामने भी कठोर बर्ताव करती है और पिता उसके कठोर बर्ताव को सहजता से स्वीकार करता है और सिर्फ मुस्कुराता है क्योंकि वह अपनी बेटी से बहुत प्यार करता है ।

पिता दिन भर की थकान के बाद जब घर लौटता है और अपनी बेटी का चेहरा देखता है तो उसका सारा तनाव और थकान एक मिनट में ही गायब हो जाती है क्योंकि वह अपनी बेटी से बहुत प्यार करता है ।

 क्या आप भी पिता और बेटी के इस प्यार से वाकिफ हैं तो हमें जरूर बताएं इसीलिए हमेशा कहा जाता है कि  पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता


papa aur beti ke pyaar ko shabdo me byaan nahi kiya jaa sakta

कहते हैं कि बेटा मां के सबसे ज्यादा करीब होते हैं और बेटी पिता की सबसे ज्यादा करीब होती है इस बात को कभी भी झूठलाया नहीं जा सकता है ।

बेटी के लिए पिता का प्यार हमेशा निस्वार्थ होता है ।

 एक ऐसा प्यार जिसमें किसी भी प्रकार की कोई शर्त ना हो,  एक ऐसा रिश्ता जो इस दुनिया में सबसे पवित्र माना गया हो,  जिसमें अनकंडीशनल प्यार हो । इसीलिए कहा जाता है कि पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता

एक पिता अपनी बेटी के प्रति सारी जिंदगी समर्पित होता है ऐसा हो सकता है कि कुछ पिता इसे बताने में असमर्थ रहे हैं या वह बताना ही ना चाहते हो ।

लेकिन सच्चाई तो यह है कि हर पिता अपनी बेटी के लिए ताउम्र समर्पित होता है उसकी देखभाल के लिए और विशेष जरूरी है कि उसकी सुरक्षा के लिए चाहे वह घर के अंदर हो या घर के बाहर हमेशा एक पिता को अपनी बेटी की चिंता होती है और होनी भी चाहिए शायद यही दर्शाते हैं बाप बेटी के रिश्ते को  ।

एक पिता और बेटी का सच्चा प्यार तो उस दिन दुनिया के सामने आ जाता है जिस दिन एक बेटी ब्याह कर दूसरे घर जाती है ।

उस दिन वह पिता अपने आप को रोक नहीं पाता और अपने दिल में भरे सारे इमोशंस को आंसुओं के जरिए बहा देता है और अपनी बेटी को वह सब कुछ देता है जो वह देने में सक्षम होता है बेटी भी हमेशा अपने पिता के प्यार की कद्र करती हैं ।

हालांकि पुराने समय में रूढ़िवादी परंपरा और विचारों के तहत बेटी को बोझ समझा जाता था लेकिन अब जमाना बदल चुका है अब बेटियां बेटों से भी आगे निकल चुकी हैं और जमाने में अपना स्थायित्व स्थापित कर चुकी हैं ।

पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता

पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता 

पापा की परी है बेटी

आज की परंपरा और सोच विचार में पुरानी रूढ़िवादी सोच को मात दे दी है आज बेटियों को बेटों से ज्यादा प्यार मिलता है और बेटियां अपने माता पिता की सेवा के लिए हमेशा तत्पर रहती हैं । शायद इऐलिये कहते है की पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता

किसी भी माता-पिता के लिए उनकी संतान कभी बोझ नहीं होती वह हमेशा अपने बच्चों को बेहद प्यार करते हैं और उनके लिए वह सब कुछ करते हैं जो वह कर सकते हैं ।

 बेटियां हमेशा अपने माता-पिता का साथ देती हैं हमेशा हमेशा के लिए, शादी के पहले जब वह अपने मां-बाप के साथ रहती है तो उनके साथ पूरी तरह से प्यार को दर्शाती है और उनकी सेवा करती हैं ।

 और शादी के बाद वह अपने भाई भाभी को अपने माता-पिता का ध्यान रखने के लिए अक्सर उपदेश देती भी देखी जा सकती है क्योंकि उन्हें अपने माता-पिता की चिंता होती है । इसीलिए कहा जाता ही कि पापा की परी होती है बेटी


पापा की दोस्त है बेटी

जमाने के साथ साथ हमारे रिश्ते भी बदलने लगे अगर आप आज के रिश्ते को देखें तो एक बेटी अपने पिता की अच्छी दोस्त भी मानी जाती है। ।

 क्योंकि पिता अपनी बेटी का हर परिस्थिति में ओपिनियन लेना जरूरी समझते हैं और एक पिता यह हमेशा जानना चाहता है कि उसकी बेटी क्या चाहती है । अगर आप भी अपने पिता की दोस्त हैं तो हमें जरूर बताएं हमें यह जानकर बेहद खुशी होगी ।

बेटी अपने पिता पर गुस्सा भी हो सकती हैं, खाना खाने से मना भी कर सकती है और पापा को उसे मनाना भी पड़ता है ।

इसीलिए कहा जाता है कि एक पिता का सख्त मिजाज तब नरम हो जाता है जब वह अपनी बेटी को सामने देखता है । अपनी बेटी को गुस्सा होते देखता है तो उसको मनाने के लिए एक पिता सब कुछ कर देता है फिर वह चाहे जैसे भी करें ।

आज एक पिता अपनी बेटी के लिए कोई कसर नहीं छोड़ता और अपनी बेटी को पूरा मौका देता है कि वह खुले आसमान में पूरी आजादी के साथ उड़ सके ।

क्योंकि हर पिता यह चाहता है कि उसकी बेटी को कभी किसी के आगे झुकना ना पड़े उसे हमेशा खुले विचारो के साथ अपनी मनमर्जियां करने की आजादी हो ।

और हम आज के समाज में ऐसा देख भी सकते हैं बेटियां आसमान की ऊंचाइयों को आसानी से भेद रही हैं । पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता

आज की बेटियां बड़े-बड़े पदों पर सुशोभित और अपना काम बहुत ही लगन के साथ कर रही है ।


भावुक पिता बेटी हिंदी में उद्धरण  

एक बेटी के बारे में अगर देखा जाए तो वह सबसे ज्यादा भरोसा और उम्मीद अपने पिता के प्रति ही रखती है ।

 लोगों के कई सारे हीरो होते हैं पर एक बेटी का सबसे बड़ा सुपरमैन उसका पिता ही होता है जिसमें वह अनंत संभावनाएं देखती हैं जिसका हाथ एक बेटी हमेशा हमेशा के लिए पकड़ कर रखना चाहती है ।

अक्सर ऐसा देखा जाता है कि एक पिता अपनी बेटी के प्रति सच्चे प्यार को दर्शा नहीं पाता या वह दर्शाने में किसी भी प्रकार से डरता है ।

लेकिन बेटी सब कुछ समझती हैं उसके लिए अपने पिता का प्यार कभी छुपा नहीं रह सकता क्योंकि यह रिश्ता सिर्फ बाप बेटी तक ही सीमित नहीं है यह रिश्ता स्वयं ईश्वरी मार्गदर्शन के अनुसार चलता है जिसे ईश्वर ने भी माना है ।

पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता

पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता  


Conclusion

पिता और बेटी के प्यार के किस्से हम अक्सर सुनते हैं और इस रिश्ते की गहराई किसी से भी छुपी नहीं है ।

हर पिता अपनी बेटी से बेहद प्यार करता है चाहे वह इसे शब्दों में ना बता पाए ।

लेकिन बेटी भी अपने पिता की इस प्यार को जरूर समझती है क्योंकि बेटियां सब कुछ समझ सकती हैं ।

इस रिश्ते की खूबसूरती तो स्वयं दुनिया बनाने वाले ने भी मानी है इसमें कोई संदेह नहीं कर सकता ।

अगर आप के रिश्ते भी इतने ही खूबसूरत है तो हमें कमेंट करके जरूर बताएं ।


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पापा और बेटी के प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता 

 No words can explain dads and daughter love 

भावुक पिता बेटी हिंदी में उद्धरण  

बेटी और पिता का प्यार 

 बिटिया के लिए दो शब्द 

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